किडनी, शरीर का एक अहम अंग, हमारे शरीर के अंदर कई महत्वपूर्ण कार्य करता है। यह रक्त को फिल्टर करके अपशिष्ट पदार्थों और टॉक्सिन्स को बाहर निकालने का काम करता है। जब किडनी में किसी कारणवश पथरी (किडनी स्टोन) बन जाती है, तो यह अंग अपनी कार्यक्षमता को ठीक से नहीं निभा पाता। किडनी स्टोन एक आम समस्या बन चुकी है और इसके कई कारण हो सकते हैं, जिनका समय पर इलाज न होने पर यह गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है। इस लेख में हम आपको किडनी स्टोन के कारणों, लक्षणों और इससे बचाव के उपायों के बारे में विस्तार से बताएंगे।
Kidney Stone के कारण
किडनी स्टोन (गुर्दों की पथरी) शरीर के विभिन्न कारणों से बन सकती है। यह समस्या तब उत्पन्न होती है जब किडनी में खनिज पदार्थों की अधिकता होने लगती है, जो बाद में जमा होकर पथरी का रूप ले लेते हैं। डॉक्टर विशाखा शर्मा के अनुसार, किडनी स्टोन के पांच सबसे कॉमन कारण होते हैं, जिनसे हमें अवगत होना चाहिए।
1. अत्यधिक नमक और चीनी का सेवन
नमक और चीनी हमारे रोजमर्रा के खानपान में अत्यधिक उपयोग होने वाली चीजें हैं। जब हम इनका अधिक सेवन करते हैं, तो शरीर में सोडियम और शर्करा की मात्रा बढ़ जाती है, जो किडनी में पथरी बनने का कारण बन सकती है। डॉक्टर विशाखा शर्मा के अनुसार, इन दोनों का अधिक सेवन किडनी स्टोन के लिए सबसे बड़ा कारण हो सकता है। इसे अपनी डाइट से कम करने की कोशिश करें और ताजे फल और सब्जियों को प्राथमिकता दें।
2. चाय और कॉफी का अत्यधिक सेवन
चाय और कॉफी जैसी कैफीन युक्त ड्रिंक्स का अत्यधिक सेवन किडनी के लिए हानिकारक हो सकता है। यह ड्रिंक्स हमारे शरीर से पानी की कमी कर सकती हैं और किडनी में पथरी बनने की संभावना को बढ़ा सकती हैं। यदि आप इन ड्रिंक्स का सेवन करते हैं, तो उसे सीमित करें और स्वस्थ पानी या इलेक्ट्रोलाइट ड्रिंक्स जैसे नींबू पानी का सेवन करें।
3. कैल्शियम की अधिकता
कैल्शियम हमारे शरीर के लिए आवश्यक खनिज है, लेकिन इसका अत्यधिक सेवन किडनी स्टोन का कारण बन सकता है। अक्सर लोग कैल्शियम सप्लीमेंट्स का सेवन करते हैं, लेकिन बिना डॉक्टर की सलाह के इनका सेवन करना सेहत के लिए हानिकारक हो सकता है। डॉक्टर के परामर्श से ही कैल्शियम सप्लीमेंट्स लें और इसे संतुलित मात्रा में सेवन करें।
4. पानी की कमी
हमारे शरीर में पानी की कमी होने से किडनी में पथरी बनने का खतरा बढ़ सकता है। पानी शरीर में फिल्ट्रेशन प्रक्रिया को बेहतर बनाता है और टॉक्सिन्स को बाहर निकालता है। यदि शरीर में पानी की कमी हो, तो ये टॉक्सिन्स किडनी में इकट्ठा होने लगते हैं, जिससे पथरी का निर्माण होता है। इसलिए, हर दिन पर्याप्त मात्रा में पानी पीना आवश्यक है।
5. अधिक प्रोटीन का सेवन
प्रोटीन हमारे शरीर के लिए जरूरी है, लेकिन इसकी अधिकता से भी किडनी में पथरी बन सकती है। मांसाहारी आहार का अत्यधिक सेवन किडनी पर दबाव डाल सकता है, क्योंकि इससे शरीर में अम्लीय पदार्थों की मात्रा बढ़ जाती है। प्रोटीन का सेवन संतुलित मात्रा में करें और प्लांट-बेस्ड प्रोटीन को प्राथमिकता दें।
Kidney Stone के लक्षण
किडनी स्टोन के लक्षण विभिन्न हो सकते हैं, लेकिन कुछ सामान्य लक्षण हैं, जिन्हें नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए:
- पीठ या पेट में दर्द: पथरी के आकार में वृद्धि के साथ पीठ या पेट में तीव्र दर्द हो सकता है।
- मूत्र में खून आना: यदि किडनी स्टोन मूत्र नलिका से होकर गुजरता है, तो मूत्र में खून आ सकता है।
- पेशाब में जलन: पेशाब करते समय जलन या दर्द होना एक सामान्य लक्षण है।
- उल्टी और जी मिचलाना: किडनी स्टोन के कारण उल्टी और जी मिचलाने की समस्या हो सकती है।
- मूत्र का रंग बदलना: किडनी स्टोन के कारण मूत्र का रंग लाल, गुलाबी या भूरा हो सकता है।
Kidney Stone से बचाव के उपाय
किडनी स्टोन से बचाव के लिए कुछ सामान्य उपाय अपनाए जा सकते हैं:
1. पानी की अधिकता
किडनी स्टोन से बचाव के लिए सबसे महत्वपूर्ण उपाय पानी का अधिक सेवन करना है। प्रतिदिन 8-10 गिलास पानी पीने से शरीर में टॉक्सिन्स फ्लश आउट होते हैं और किडनी को स्वस्थ रखा जाता है।
2. संतुलित आहार
अपने आहार में फल, सब्जियों, और फाइबर से भरपूर खाद्य पदार्थों को शामिल करें। नमक और चीनी का सेवन कम करें और कैल्शियम के सप्लीमेंट्स का सेवन डॉक्टर की सलाह से ही करें।
3. शारीरिक गतिविधि
रोजाना व्यायाम करने से शरीर के अंदर रक्त संचार बेहतर होता है और किडनी में पथरी बनने की संभावना कम हो जाती है।
4. नियमित चेक-अप
किडनी की सेहत का ध्यान रखने के लिए नियमित रूप से डॉक्टर से चेक-अप कराएं, ताकि किसी भी प्रकार की समस्या का समय रहते इलाज किया जा सके।
किडनी स्टोन एक गंभीर समस्या हो सकती है, लेकिन इसे सही आहार, पानी के सेवन और लाइफस्टाइल में बदलाव के द्वारा रोका जा सकता है। अगर आप किडनी स्टोन से बचना चाहते हैं, तो अपने आहार में सुधार करें, पानी का अधिक सेवन करें और शारीरिक गतिविधियों को नियमित रूप से अपनाएं। किडनी स्टोन का इलाज समय पर किया जाना जरूरी है, ताकि इससे जुड़ी जटिलताओं से बचा जा सके।